खड़मा में मड़ई मेले का भव्य आगाज़, तीन दिनों तक संस्कृति-उत्सव का महासंग्राम मीना बाजार और झूले रहेंगे आकर्षण का केंद्र

छुरा :– छुरा अंचल में मड़ई मेले की रौनक अब शिखर पर पहुंचने जा रही है। क्षेत्र का प्रख्यात खड़मा मड़ई मेला इस वर्ष 18 जनवरी से 20 जनवरी तक पूरे तीन दिनों तक भव्य और ऐतिहासिक रूप में आयोजित होगा। मेले को लेकर पूरे गांव में उत्सव जैसा माहौल है, हर गली-मोहल्ले में तैयारियां अंतिम चरण में हैं और ग्रामवासी इसे यादगार बनाने युद्ध स्तर पर जुटे हुए हैं।
ग्राम के वरिष्ठ नागरिक अवधराम साहू ने बताया कि खड़मा मड़ई केवल एक मेला नहीं, बल्कि आस्था, परंपरा और लोकसंस्कृति का जीवंत संगम है। यह आयोजन वर्षों से ग्रामीण जीवन की आत्मा से जुड़ा हुआ है, जिसमें हर साल हजारों श्रद्धालु, दर्शक और पर्यटक दूर-दराज़ से पहुंचते हैं। मड़ई के दौरान गांव की सांस्कृतिक पहचान पूरे वैभव के साथ सजीव हो उठती है।
मेले में मीना बाजार, झूले, खेल-तमाशे, स्वादिष्ट व्यंजन और बच्चों के मनोरंजन के विशेष साधन लोगों के आकर्षण का केंद्र रहेंगे। वहीं, रात की सांस्कृतिक संध्याएं मेले को और भी रंगीन बनाएंगी—
19 जनवरी को प्रसिद्ध छत्तीसगढ़ी आर्केस्ट्रा ‘लोकमया’ अपनी मनमोहक और रंगारंग प्रस्तुति से समां बांधेंगे।
20 जनवरी को लोकप्रिय कलाकार वीरेंद्र चतुर्वेदी अपने धमाकेदार कार्यक्रम से दर्शकों को झूमने पर मजबूर करेंगे।
उल्लेखनीय है कि ग्राम खड़मा का मड़ई मेला ग्रामवासियों के सामूहिक सहयोग से आयोजित होने वाला क्षेत्र का सबसे बड़ा और प्रतिष्ठित सांस्कृतिक आयोजन माना जाता है, जहां छत्तीसगढ़ की लोकपरंपराएं, नृत्य-संगीत और जनजीवन की झलक एक साथ देखने को मिलती है।
इस वर्ष भी खड़मा मड़ई मेला आस्था, परंपरा और मनोरंजन का महाकुंभ बनकर उभरने जा रहा है, जो निश्चित ही छुरा अंचल की सांस्कृतिक पहचान को नई ऊंचाइयों तक ले जाएगा।
