छुरा सुपर किंग की चुनौती ध्वस्त, माँ शीतला 2.0 कप का बादशाह बना छत्तीसगढ़ हॉस्पिटल, टीम के ओनर हेमचंद देवांगन ने कहा खिलाड़ियों की मेहनत रंग लाई जीत का सेहरा खिलाड़ियों के सर

छुरा। माँ शीतला 2.0 कप क्रिकेट टूर्नामेंट का बहुप्रतीक्षित फाइनल मुकाबला रविवार को छुरा के उन्मुक्त खेल मैदान में हजारों क्रिकेट प्रेमियों की मौजूदगी में खेला गया। रोमांच, जोश और खेल भावना से भरपूर इस मुकाबले में छत्तीसगढ़ हॉस्पिटल ने शानदार प्रदर्शन करते हुए छुरा सुपर किंग को 19 रनों से पराजित कर प्रतिष्ठित खिताब अपने नाम कर लिया।
आठ-आठ ओवर के इस हाई-वोल्टेज मुकाबले में छुरा सुपर किंग ने टॉस जीतकर पहले गेंदबाजी करने का फैसला किया। बल्लेबाजी करने उतरी छत्तीसगढ़ हॉस्पिटल की टीम ने आक्रामक अंदाज में खेलते हुए निर्धारित 8 ओवर में 4 विकेट के नुकसान पर 112 रनों का विशाल स्कोर खड़ा किया। जवाब में 113 रनों के कठिन लक्ष्य का पीछा करने उतरी छुरा सुपर किंग की टीम निर्धारित 8 ओवर में 93 रन ही बना सकी और इस तरह छत्तीसगढ़ हॉस्पिटल ने शानदार जीत के साथ ट्रॉफी पर कब्जा जमा लिया।
विजेता टीम को छत्तीसगढ़ हॉस्पिटल के डायरेक्टर हेमचंद देवांगन की ओर से ₹1,05,000 की पुरस्कार राशि प्रदान की गई। वहीं उपविजेता छुरा सुपर किंग को रहिया हॉस्पिटल गरियाबंद के डायरेक्टर पेसरीचंद देवांगन द्वारा ₹52,000 की पुरस्कार राशि दी गई। प्रथम एवं द्वितीय पुरस्कार की आकर्षक ट्रॉफियां स्वर्गीय के.के. दीक्षित की स्मृति में के.के. फ्यूल्स द्वारा प्रदान की गईं।
इन खिलाड़ियों ने बटोरी सुर्खियां
पूरे टूर्नामेंट में शानदार प्रदर्शन करने वाले डगेंद्र पटेल को प्लेयर ऑफ द सीरीज चुना गया। उन्हें पवन फ्यूल्स की ओर से रेंजर साइकिल पुरस्कार स्वरूप भेंट की गई।
लक्की वर्मा को बेस्ट बल्लेबाज का पुरस्कार मिला, जिसके तहत उत्कर्ष नामदेव की ओर से होम थिएटर प्रदान किया गया।
बेस्ट गेंदबाज का पुरस्कार विशाल (छुरा सुपर किंग) को मिला, जिन्हें सागर इंटरप्राइजेस की ओर से सबमर्सिबल पंप भेंट किया गया।
फाइनल मुकाबले में लक्की वर्मा को प्लेयर ऑफ द मैच और बेस्ट बल्लेबाज चुना गया, जबकि भूपेंद्र को बेस्ट गेंदबाज तथा चेमन को बेस्ट फील्डर का पुरस्कार प्रदान किया गया।
समापन समारोह में छत्तीसगढ़ हॉस्पिटल के संचालक हेमचंद देवांगन, वरिष्ठ पार्षद पंचराम टंडन, पार्षद सलीम मेमन, पार्षद हरीश यादव, एल्डरमैन सफर सचदेव, एल्डरमैन तुलाराम साहू, अशोक दीक्षित, अनीश सोलंकी एवं मेसनंदन पांडे के हाथों खिलाड़ियों को पुरस्कार वितरित किए गए।
इस अवसर पर छत्तीसगढ़ हॉस्पिटल के डायरेक्टर एवं विजेता टीम के ऑनर हेमचंद देवांगन ने कहा कि छुरा नगर में क्रिकेट के प्रति लोगों का जुनून और खिलाड़ियों का उत्साह वास्तव में काबिले-तारीफ है। चिलचिलाती धूप में भी खिलाड़ियों ने जिस जज्बे, अनुशासन और खेल भावना का परिचय दिया, वह प्रेरणादायक है। उन्होंने विजेता एवं सभी प्रतिभागी खिलाड़ियों को बधाई देते हुए कहा कि ऐसे आयोजन युवाओं को अपनी प्रतिभा दिखाने का मंच देने के साथ-साथ अनुशासन, भाईचारा, टीम भावना और स्वस्थ प्रतिस्पर्धा की भावना को भी मजबूत करते हैं। उन्होंने सफल आयोजन के लिए आयोजकों की भी सराहना की।
वरिष्ठ पार्षद पंचराम टंडन ने कहा कि क्रिकेट अनिश्चितताओं का खेल है, जिसमें अंतिम गेंद तक जीत-हार का समीकरण बदल सकता है। इसलिए खिलाड़ियों को हर परिस्थिति में धैर्य, अनुशासन, आत्मविश्वास और जुझारूपन बनाए रखना चाहिए। यही गुण एक टीम को वास्तविक विजेता बनाते हैं।
पार्षद सलीम मेमन ने खिलाड़ियों को बधाई देते हुए कहा कि जीत और हार खेल का हिस्सा हैं। एक अच्छा खिलाड़ी वही होता है जो जीत में विनम्र और हार में धैर्यवान रहे। उन्होंने खिलाड़ियों से हमेशा खेल भावना, अनुशासन और उत्कृष्ट आचरण के साथ मैदान में उतरने का आह्वान किया।
माँ शीतला 2.0 कप का यह भव्य आयोजन खेल, रोमांच और उत्साह का अद्भुत संगम साबित हुआ। पूरे टूर्नामेंट के दौरान दर्शकों में जबरदस्त उत्साह देखने को मिला और फाइनल मुकाबले ने क्रिकेट प्रेमियों को आखिरी गेंद तक रोमांचित रखा।
