लो वोल्टेज से त्रस्त किसानों का फूटा गुस्सा, बिजली विभाग का घेराव कर सौंपा ज्ञापन — 8 दिन में समाधान नहीं तो होगा चक्काजाम, एक ट्रांसफार्मर से हो रही सप्लाई को बताया समस्या की जड़

मैनपुर :- मैनपुर मुख्यालय से लगे गौरघाट क्षेत्र के सैकड़ों किसान इन दिनों भीषण लो वोल्टेज की समस्या से जूझ रहे हैं। खेतों में बोआई के बाद सिंचाई के लिए बिजली पर निर्भर किसानों के सामने अब फसल बचाने का संकट खड़ा हो गया है। लगातार मिल रही कम वोल्टेज की बिजली के कारण खेतों में लगे ट्यूबवेल और पंप तक नहीं चल पा रहे हैं, जिससे खेतों में पानी की सप्लाई पूरी तरह बाधित हो रही है।
इसी गंभीर समस्या को लेकर सोमवार को गौरघाट और आसपास के गांवों के किसान बड़ी संख्या में मैनपुर स्थित बिजली विभाग कार्यालय पहुंचे और अधिकारियों को ज्ञापन सौंपकर जल्द समाधान की मांग की। किसानों ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि यदि आठ दिनों के भीतर लो वोल्टेज की समस्या का समाधान नहीं किया गया, तो वे सड़क पर उतरकर चक्काजाम आंदोलन करने को मजबूर होंगे।
किसानों ने बताया कि अभी गर्मी की शुरुआत ही हुई है, लेकिन बिजली की स्थिति इतनी खराब है कि खेतों में सिंचाई करना मुश्किल हो गया है। उन्होंने कहा कि बड़ी उम्मीदों के साथ किसानों ने अपने खेतों में फसल की बोआई कर दी है, लेकिन यदि समय पर पानी नहीं मिला तो पूरी फसल बर्बाद हो सकती है और किसानों को भारी आर्थिक नुकसान उठाना पड़ेगा।
किसानों का कहना है कि छुईहा ग्राम में लगे मात्र एक ट्रांसफार्मर से पूरे इलाके में बिजली सप्लाई की जा रही है। इसी कारण बिजली का दबाव बढ़ जाता है और लो वोल्टेज की समस्या लगातार बनी रहती है। ग्रामीणों के अनुसार वे पिछले करीब दस वर्षों से अलग ट्रांसफार्मर लगाने की मांग कर रहे हैं, लेकिन आज तक उनकी मांग पर कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया है।
किसानों ने बिजली विभाग को दिए गए ज्ञापन में मांग की है कि छुईहा क्षेत्र में नया ट्रांसफार्मर लगाया जाए और बिजली व्यवस्था को मजबूत किया जाए, ताकि खेतों में सिंचाई के लिए पर्याप्त वोल्टेज मिल सके और किसानों की मेहनत से तैयार हो रही फसल सुरक्षित रह सके।
ग्रामीणों ने यह भी कहा कि यदि जल्द ही इस समस्या का समाधान नहीं किया गया, तो क्षेत्र के किसान एकजुट होकर उग्र आंदोलन करेंगे और चक्काजाम जैसे कदम उठाने से भी पीछे नहीं हटेंगे। किसानों ने चेतावनी दी कि यदि ऐसी स्थिति बनी तो इसकी पूरी जिम्मेदारी बिजली विभाग की होगी।
