बारिश बरसी, डीजे गरजा और धुमाल पर झूम उठा छुरा… बप्पा की विदाई में उमड़ा आस्था का सैलाब,चार डीजे-चार धुमाल की गूंज से देर रात तक थिरका नगर, रंग-बिरंगी रोशनी में सजी झांकियों ने बांधा समां; तड़के 4 बजे हुआ गणपति विसर्जन

संवाददाता – अनीश सोलंकी

छुरा :- आसमान से झमाझम बारिश की बूंदें बरस रही थीं, लेकिन छुरा नगर में गणपति बप्पा की विदाई का उत्साह थमने का नाम नहीं ले रहा था। शुक्रवार की रात जैसे ही चार डीजे और चार धुमाल की गूंज नगर में सुनाई दी, पूरा माहौल गणपति भक्ति और उल्लास से सराबोर हो गया। तेज बारिश के बीच निकली गणेश विसर्जन झांकी ने नगर में ऐसा रंग जमाया कि बारिश भी श्रद्धालुओं के कदम नहीं रोक सकी।

दिनभर हुई तेज बारिश के कारण गणेश विसर्जन झांकी करीब रात 11 बजे शुरू हुई। इसके बाद एक के बाद एक गणेश समितियों की झांकियां नगर भ्रमण के लिए निकलीं। चार डीजे और चार धुमाल की धमाकेदार धुनों के साथ निकली झांकी में युवाओं से लेकर बच्चों और श्रद्धालुओं तक का उत्साह देखते ही बन रहा था। डीजे की धुन, धुमाल की थाप और रंग-बिरंगी रोशनी से सजी झांकियों ने रात के अंधेरे में पूरे नगर को रोशनी और उल्लास से भर दिया।

बारिश की बौछार में भी थिरकते रहे भक्त

तेज बारिश के बावजूद श्रद्धालुओं के उत्साह में कोई कमी नहीं आई। डीजे और धुमाल की मधुर एवं जोशीली धुन सुनते ही युवा और श्रद्धालु झूम उठे। कई स्थानों पर लोग बारिश में भीगते हुए नाचते और गणपति बप्पा के जयकारे लगाते नजर आए। ‘गणपति बप्पा मोरया, अगले बरस तू जल्दी आ’ के जयघोष से नगर का वातावरण गूंजता रहा।

गणेश समितियों द्वारा झांकियों को आकर्षक बनाने के लिए विशेष सजावट और रंग-बिरंगी लाइटिंग की गई थी। रोशनी से जगमगाती झांकियां लोगों के आकर्षण का केंद्र बनी रहीं। नगर भ्रमण के दौरान जगह-जगह श्रद्धालुओं ने गणपति बप्पा के दर्शन किए और झांकी का स्वागत किया।

रात 11 बजे से तड़के 4 बजे तक चला विसर्जन का सिलसिला

बारिश के कारण देर से शुरू हुई गणेश विसर्जन यात्रा कई घंटों तक चलती रही। नगर के विभिन्न मार्गों से होकर झांकियां आगे बढ़ीं और देर रात तक गणपति बप्पा की विदाई का क्रम जारी रहा। करीब सुबह 4 बजे गणेश प्रतिमाओं का विसर्जन किया गया। इसके साथ ही गणेशोत्सव का समापन हुआ और श्रद्धालुओं ने भावुक मन से बप्पा को विदाई दी।

चप्पे-चप्पे पर पुलिस की नजर

गणेश विसर्जन और देर रात तक चलने वाली झांकी को देखते हुए स्थानीय पुलिस प्रशासन भी पूरी तरह अलर्ट नजर आया। नगर के प्रमुख चौक-चौराहों और मार्गों पर पुलिस जवान तैनात रहे। पुलिस बल ने लगातार व्यवस्था पर नजर बनाए रखी, ताकि झांकी के दौरान शांति एवं यातायात व्यवस्था बनी रहे।

झमाझम बारिश के बीच आस्था, संगीत और उल्लास का यह संगम देर रात तक छुरा की सड़कों पर दिखाई दिया। बारिश की बौछारों के बीच गणपति बप्पा की विदाई का यह नजारा नगरवासियों के लिए यादगार बन गया।

मुख्य खबरें