मौत बनकर टूटा बरगद! समिति कॉम्प्लेक्स पर गिरा विशालकाय पेड़, चंद मिनटों के अंतर से टली बड़ी त्रासदी,शीतला समिति परिसर में मची अफरा-तफरी, दुकानदारों में दहशत; बिजली के तार टूटे, पूरे इलाके की सप्लाई ठप,

छुरा। नगर के बागबाहरा मार्ग स्थित शीतला समिति कॉम्प्लेक्स में गुरुवार शाम करीब 5:30 बजे उस समय हड़कंप मच गया, जब वर्षों पुराना विशालकाय बरगद का पेड़ अचानक जड़ समेत उखड़कर सीधे समिति कॉम्प्लेक्स और दुकानों के ऊपर भरभराकर गिर पड़ा। पेड़ गिरते ही जोरदार धमाके जैसी आवाज हुई, जिससे आसपास मौजूद लोग सहम गए और घटनास्थल पर अफरा-तफरी मच गई। कुछ लोग जान बचाने के लिए भागे, जबकि कई लोग मौके पर ही स्तब्ध रह गए। घटना में एक-दो लोगों को मामूली चोटें आई हैं, लेकिन गनीमत रही कि कोई बड़ा हादसा नहीं हुआ।
प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, पेड़ इतना विशाल था कि उसके गिरते ही पूरा कॉम्प्लेक्स उसकी शाखाओं से ढंक गया। सड़क पर यातायात थम गया और आसपास मौजूद लोगों में दहशत का माहौल बन गया। पेड़ बिजली के तारों पर भी गिरा, जिससे तार क्षतिग्रस्त हो गए और पूरे क्षेत्र की बिजली आपूर्ति तत्काल बाधित हो गई। सूचना मिलते ही स्थानीय लोग बड़ी संख्या में घटनास्थल पर पहुंच गए।
गुरुवार का अवकाश बना जीवनरक्षक, नहीं तो हो सकता था बड़ा हादसा
स्थानीय नागरिकों का कहना है कि गुरुवार को छुरा नगर में साप्ताहिक अवकाश रहता है, इसलिए अधिकांश दुकानें बंद थीं। यदि यही हादसा किसी अन्य दिन होता, जब दुकानों में ग्राहक और दुकानदारों की भीड़ रहती है, तो कई लोग पेड़ की चपेट में आ सकते थे और जनहानि से इनकार नहीं किया जा सकता था। लोगों का कहना है कि सिर्फ किस्मत और कुछ मिनटों के अंतर ने कई परिवारों को उजड़ने से बचा लिया।
पुराने पेड़ बने खतरा, प्रशासन पर उठे सवाल
नगरवासियों का आरोप है कि नगर क्षेत्र में कई पुराने और जर्जर पेड़ वर्षों से दुर्घटना को आमंत्रण दे रहे हैं, लेकिन समय रहते उनकी जांच, छंटाई या हटाने की दिशा में कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया। बरसात के मौसम में लगातार हो रही बारिश के कारण पेड़ों की जड़ें कमजोर हो जाती हैं, जिससे इस तरह की घटनाओं का खतरा और बढ़ जाता है। लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि नगर के सभी खतरनाक पेड़ों का तत्काल सर्वे कर आवश्यक कार्रवाई की जाए।
बिजली व्यवस्था हुई ठप, यातायात भी रहा प्रभावित
पेड़ गिरने से बिजली के खंभे और तार प्रभावित होने के कारण पूरे इलाके की बिजली आपूर्ति बाधित हो गई। वहीं सड़क पर पेड़ फैल जाने से कुछ समय तक यातायात भी अवरुद्ध रहा। सूचना के बाद संबंधित विभाग के कर्मचारी और स्थानीय लोग पेड़ हटाने के प्रयास में जुट गए।
