ड्यूटी पर तैनात खाकी के हाथों पर सजा रक्षा सूत्र, थाना प्रभारी ने साइबर ठगी से बचने का दिया सुरक्षा मंत्र

रिपोर्टर :- अनीश सोलंकी
छुरा। रक्षा बंधन के पावन पर्व पर जब भाई-बहनों के प्रेम और स्नेह का पर्व मनाया जा रहा था, वहीं समाज की सुरक्षा में दिन-रात जुटे पुलिस जवानों के प्रति सम्मान और भाईचारे की अनूठी मिसाल छुरा थाना परिसर में देखने को मिली। विश्व हिंदू परिषद (विहिप) दुर्गावाहिनी एवं अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (एबीवीपी) की बहनों ने छुरा थाना पहुंचकर पुलिस अधिकारियों एवं जवानों की कलाई पर रक्षा सूत्र बांधा। बहनों ने पुलिसकर्मियों को तिलक लगाकर राखी बांधी और उनके स्वस्थ, सुरक्षित एवं सुखद जीवन की कामना की।
इस दौरान थाना परिसर में भावुकता के साथ आत्मीयता और भाईचारे का माहौल देखने को मिला। थाना प्रभारी ज्ञानेश्वर सिंह गंगवाल, सब इंस्पेक्टर दीप कुमार इकेश्वर सहित पुलिस स्टाफ को बहनों ने राखी बांधी। राखी बंधवाते समय पुलिस जवानों के चेहरों पर भी खुशी और अपनापन साफ नजर आया। यह आयोजन केवल राखी बांधने तक सीमित नहीं रहा, बल्कि समाज की सुरक्षा में अपना कर्तव्य निभाने वाले पुलिस जवानों के प्रति सम्मान, आभार और विश्वास का संदेश भी दे गया।
त्योहार में भी ड्यूटी, इसलिए खाकी की कलाई पर बांधा रक्षा सूत्र
दुर्गावाहिनी एवं एबीवीपी की बहनों ने कहा कि पुलिस के जवान अपने परिवार से दूर रहकर भी त्योहारों और विशेष अवसरों पर अपनी ड्यूटी निभाते हैं। जब आम लोग अपने परिवार के साथ त्योहार मनाते हैं, तब पुलिसकर्मी कानून-व्यवस्था एवं आम जनता की सुरक्षा के लिए सड़कों और थाना परिसर में तैनात रहते हैं। ऐसे में रक्षा बंधन के अवसर पर पुलिस जवानों की कलाई पर राखी बांधकर उन्हें भाई का स्नेह, सम्मान और आभार व्यक्त करना गर्व की बात है।
बहनों ने कहा कि राखी का यह धागा केवल भाई-बहन के रिश्ते का प्रतीक नहीं, बल्कि पुलिस और समाज के बीच विश्वास, सुरक्षा और सहयोग के रिश्ते को भी मजबूत करता है।
राखी के साथ मिला साइबर अपराध से बचाव का सुरक्षा मंत्र
कार्यक्रम के दौरान थाना प्रभारी ज्ञानेश्वर सिंह गंगवाल ने उपस्थित बहनों एवं कार्यकर्ताओं को बढ़ते साइबर अपराधों के प्रति जागरूक किया। उन्होंने कहा कि वर्तमान समय में ऑनलाइन ठगी के मामले लगातार सामने आ रहे हैं, ऐसे में जागरूकता और सतर्कता ही सबसे बड़ा बचाव है।
उन्होंने समझाइश देते हुए कहा कि किसी अनजान व्यक्ति को ओटीपी, एटीएम पिन, बैंक खाते की जानकारी, पासवर्ड अथवा अन्य गोपनीय जानकारी साझा नहीं करनी चाहिए। अनजान लिंक पर क्लिक करने और संदिग्ध मोबाइल एप डाउनलोड करने से भी बचना चाहिए। साइबर ठग अलग-अलग तरीकों से लोगों को झांसे में लेकर उनके बैंक खातों से रकम निकाल लेते हैं।
थाना प्रभारी ने कहा कि यदि किसी व्यक्ति के साथ संदिग्ध ऑनलाइन लेनदेन या साइबर ठगी की घटना होती है तो घबराने के बजाय तत्काल पुलिस को सूचना देनी चाहिए। उन्होंने उपस्थित लोगों से स्वयं जागरूक रहने के साथ-साथ अपने परिवार, रिश्तेदारों और आसपास के लोगों को भी साइबर अपराधों से बचाव के प्रति जागरूक करने की अपील की।
पुलिस और समाज के रिश्ते को मिला नया भाव
रक्षा बंधन के इस आयोजन ने यह संदेश दिया कि पुलिस केवल कानून व्यवस्था संभालने वाली संस्था ही नहीं, बल्कि समाज का अभिन्न हिस्सा भी है। बहनों द्वारा पुलिस जवानों की कलाई पर बांधा गया रक्षा सूत्र कर्तव्य, सुरक्षा, सम्मान और भाईचारे के भाव का प्रतीक बना। पुलिस अधिकारियों एवं जवानों ने भी बहनों को रक्षा बंधन की शुभकामनाएं देते हुए उनके इस आत्मीय पहल की सराहना की।
कार्यक्रम में विहिप-दुर्गावाहिनी संयोजिका फुलेश्वरी यादव, अक्षरा पाण्डेय, विद्या यदु, एबीवीपी जिला छात्रा प्रमुख याशिका कौर, ट्विंकल चंद्राकर, मोना, मेघा एवं पायल ध्रुव सहित अन्य कार्यकर्ता उपस्थित रहे।
