टूटे पुल पर पहुंचे विधायक रोहित साहू, अधिकारियों की लगाई क्लास… बोले– जनता की सुरक्षा से नहीं होगा कोई समझौता, जल्द शुरू हो मरम्मत कार्य,

कोसमबुड़ा–सारागांव मार्ग पर क्षतिग्रस्त पुल का किया निरीक्षण, वैकल्पिक व्यवस्था और शीघ्र मरम्मत के दिए निर्देश
छुरा। लगातार बारिश के बीच कोसमबुड़ा–सारागांव मार्ग पर क्षतिग्रस्त हुए पुल और बह चुकी एप्रोच रोड का शनिवार को राजिम विधायक रोहित साहू ने मौके पर पहुंचकर निरीक्षण किया। पुल की बदहाल स्थिति देखकर उन्होंने संबंधित विभाग के अधिकारियों से पूरी जानकारी ली और लापरवाही नहीं बरतने की सख्त हिदायत देते हुए जनता की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देने के निर्देश दिए।
निरीक्षण के दौरान विधायक ने पुल के दोनों ओर सुरक्षा इंतजामों का जायजा लिया और अधिकारियों से कहा कि जब तक स्थायी मरम्मत पूरी नहीं हो जाती, तब तक दुर्घटना रोकने के लिए मजबूत बैरिकेडिंग, चेतावनी बोर्ड, रात्रि में पर्याप्त प्रकाश व्यवस्था तथा निगरानी की पुख्ता व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। उन्होंने स्पष्ट कहा कि किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
विधायक रोहित साहू ने कहा कि यह मार्ग क्षेत्र के अनेक गांवों को जोड़ने वाला महत्वपूर्ण संपर्क मार्ग है। पुल क्षतिग्रस्त होने से ग्रामीणों, विद्यार्थियों, किसानों, व्यापारियों तथा मरीजों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। ऐसे में विभाग तत्काल वैकल्पिक आवागमन की व्यवस्था करे और पुल की मरम्मत का कार्य युद्धस्तर पर शुरू किया जाए।
उन्होंने अधिकारियों को तकनीकी टीम से क्षति का विस्तृत मूल्यांकन कर शीघ्र प्रस्ताव तैयार करने तथा शासन स्तर पर आवश्यक स्वीकृतियां प्राप्त कर कार्य प्रारंभ करने के निर्देश दिए। साथ ही यह भी कहा कि भविष्य में ऐसी स्थिति दोबारा न बने, इसके लिए गुणवत्ता और तकनीकी मानकों का विशेष ध्यान रखा जाए।
निरीक्षण के दौरान स्थानीय ग्रामीणों ने विधायक को पुल टूटने के बाद हो रही कठिनाइयों से अवगत कराया। ग्रामीणों ने बताया कि रोजमर्रा की आवाजाही, कृषि कार्य, स्कूल-कॉलेज आने-जाने और आवश्यक सेवाओं पर इसका गंभीर असर पड़ा है। विधायक ने उनकी समस्याएं सुनकर जल्द समाधान का भरोसा दिलाया।
इस अवसर पर संबंधित विभाग के अधिकारी, जनप्रतिनिधि एवं बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित रहे। विधायक ने अधिकारियों से कहा कि कार्यों की नियमित मॉनिटरिंग करते हुए जल्द से जल्द मार्ग को सुरक्षित और सुचारु बनाया जाए, ताकि क्षेत्रवासियों को राहत मिल सके।
